ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
बुत शिकन आया ये कह कर सर के बल बुत गिर पड़े
झूम कर कहता था काबा
झूम कर कहता था काबा अस्सलातो वस्सलाम
ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
रब्बी हबली उम्मती कहते हुए पैदा हुए
रब ने फ़रमाया के बख़्शा
रब ने फ़रमाया के बख़्शा अस्सलातो वस्सलाम
ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
ग़ुंचे चटकी फूल महके चह-चहाई बुलबुलें
गुल खिला बाग़-ए-अहद का
गुल खिला बाग़-ए-अहद का अस्सलातो वस्सलाम
रौशनी में आमिना ने जिन की देखा मुल्क-ए-शाम
वाह वाह क्या चाँद निकला
वाह वाह क्या चाँद निकला अस्सलातो वस्सलाम
ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
सर झुका कर बा अदब इश्क़-ए-रसूलल्लाह में
कह रहा है हर सितारा
कह रहा है हर सितारा अस्सलातो वस्सलाम
ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
मोमिनो पढ़ते रहो तुम अपने आक़ा पर दुरूद
है फ़रिश्तों का वज़ीफ़ा
है फ़रिश्तों का वज़ीफ़ा अस्सलातो वस्सलाम
ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
दस्त बस्ता सब फ़रिश्ते पढ़ते हैं उन पर दुरूद
क्यूँ न हो फिर विर्द अपना
क्यूँ न हो फिर विर्द अपना अस्सलातो वस्सलाम
ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
सर क़लम करदो मेरा या काट लो मेरी ज़बान
मेरी नस नस में बसा है
मेरी नस नस में बसा है अस्सलातो वस्सलाम
ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
जब फ़रिश्ते क़ब्र में जल्वा दिखाएँ आप का
हो ज़बान पर प्यारे आक़ा
हो ज़बान पर प्यारे आक़ा अस्सलातो वस्सलाम
ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
मैं वोह सुन्नी हूँ जमील-ए-क़ादरी मरने के बाद
मेरा लाशा भी कहेगा
मेरा लाशा भी कहेगा अस्सलातो वस्सलाम
ऐ शहंशाह-ए-मदीना अस्सलातो वस्सलाम
ज़ीनत-ए-अर्श-ए-मुअ़ल्ला अस्सलातो वस्सलाम
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