लह़द में इ़श्क़े रुख़े शह का दाग़ ले के चले | LAHAD MEIN ISHQ-E-RUKH-E-SHAH KAA DAAGH LEY KEY CHALE NAAT LYRICS
लह़द में इ़श्क़े रुख़े शह का दाग़ ले के चले अंधेरी रात सूनी थी चिराग़ ले के चले तेरे ग़ुलामों …
लह़द में इ़श्क़े रुख़े शह का दाग़ ले के चले अंधेरी रात सूनी थी चिराग़ ले के चले तेरे ग़ुलामों …